Kuch Kam

Lyrics
[Chorus] कुछ कम रोशन है रोशनी कुछ कम गीली हैं बारिशें कुछ कम लहराती है हवा कुछ कम हैं दिल में ख़्वाहिशें थम सा गया है ये वक्त ऐसे तेरे लिए ही ठहरा हो जैसे कुछ कम रोशन है रोशनी कुछ कम गीली हैं बारिशें कुछ कम लहराती है हवा कुछ कम हैं दिल में ख़्वाहिशें थम सा गया है ये वक्त ऐसे तेरे लिए ही ठहरा हो जैसे [Verse] क्यूँ मेरी साँस भी कुछ भीगी सी है? दूरियों से हुई नज़दीकी सी है क्यूँ मेरी साँस भी कुछ भीगी सी है? दूरियों से हुई नज़दीकी सी है जाने क्या ये बात है हर सुबह अब रात है [Chorus] कुछ कम रोशन है रोशनी कुछ कम गीली हैं बारिशें कुछ कम लहराती है हवा कुछ कम हैं दिल में ख़्वाहिशें थम सा गया है ये वक्त ऐसे तेरे लिए ही ठहरा हो जैसे [Verse] फूल महके नहीं, कुछ गुमसुम से हैं जैसे रूठे हुए कुछ ये तुम से हैं फूल महके नहीं, कुछ गुमसुम से हैं जैसे रूठे हुए कुछ ये तुम से हैं ख़ुशबुएँ ढल गईं साथ तुम अब जो नहीं [Chorus] कुछ कम रोशन है रोशनी कुछ कम गीली हैं बारिशें थम सा गया है ये वक्त ऐसे तेरे लिए ही ठहरा हो जैसे
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Credits
- Writers
- Vishal & Shekhar
- Vishal Dadlani
- Shekhar Ravjiani