In Ashqon Ko

Lyrics
इन अश्कों को "पानी" कहना, भूल नहीं, नादानी है इन अश्कों को "पानी" कहना, भूल नहीं, नादानी है तन-मन में जो आग लगा दे तन-मन में जो आग लगा दे ये तो ऐसा पानी है इन अश्कों को "पानी" कहना, भूल नहीं, नादानी है कैसे तुमसे इश्क़ हुआ था, क्या-क्या हम पर बीती है कैसे तुमसे इश्क़ हुआ था, क्या-क्या हम पर बीती है सुन लो तो सच्चा अफ़साना, वरना एक कहानी है तन-मन में जो आग लगा दे ये तो ऐसा पानी है इन अश्कों को "पानी" कहना, भूल नहीं, नादानी है शैख़-ओ-बरहमन, ज़ाहिद-ओ-वाइज़, पीरी में ये क्या जानें शैख़-ओ-बरहमन, ज़ाहिद-ओ-वाइज़, पीरी में ये क्या जानें भूल भी हो जाती है इसमें, इसका नाम जवानी है तन-मन में जो आग लगा दे ये तो ऐसा पानी है इन अश्कों को "पानी" कहना, भूल नहीं, नादानी है दुख-सुख सहना और ख़ुश रहना, इश्क़ में लाज़िम है ये, सहर दुख-सुख सहना और ख़ुश रहना, इश्क़ में लाज़िम है ये, सहर दिल वाले हो, मत घबराओ, ये तो रीत पुरानी है तन-मन में जो आग लगा दे तन-मन में जो आग लगा दे ये तो ऐसा पानी है इन अश्कों को "पानी" कहना, भूल नहीं, नादानी है
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Credits
- Writers
- Kanwar Mohinder Singh Bedi