Awaara Bhanwara

Lyrics
आवारा भँवरे जो हौले-हौले गाएँ फूलों के तन पे हवाए सरसराएँ आवारा भँवरे जो हौले-हौले गाएँ फूलों के तन पे हवाए सरसराएँ आवारा भँवरे जो हौले-हौले गाएँ फूलों के तन पे हवाए सरसराएँ कोयल की कुहू-कुहू, पपिहे की पिहू-पिहू जंगल में झींगर भी छाये जाए नदियाँ में लहरें आएँ, बलखायें छलकी जाएँ भीगी होंठों से वो गुनगुनाएँ गाता है साहिल, गाता है बहता पानी गाता है ये दिल सुन, सा रे गा मा पा धा नि सा रे आवारा भँवरे जो हौले-हौले गाएँ फूलों के तन पे हवाए सरसराएँ रात जो आए तो, सन्नाटा छाये तो टिक-टिक करे घड़ी सुनो दूर कहीं गुज़रे रेल किसी पुल से गूँजे धड़ा-धड़ी सुनो संगीत है ये, संगीत है संगीत है ये, संगीत है मन का संगीत सुनो बाहों में लेके बच्चा माँ जो कोई लोरी गाएँ ममता का गीत सुनो हिलको रे, हिलको रे हिलको रे, हिलको रे मंगला रे, मंगला रे चोरी-चोरी भैया हिलको रे, हिलको रे हिलको रे, हिलको रे जंगला रे, जंगला रे घूमी राहें थैया आवारा भँवरे जो हौले-हौले गाएँ हाँ, फूलों के तन पे हवाए सरसराएँ भीगे परिन्दे जो ख़ुद को सुखाने को पर फड़फड़ाते हैं सुनो गाय भी, बैल भी गले में पड़ी घंटी कैसे बजाते हैं सुनो संगीत है ये, संगीत है संगीत है ये, संगीत है जीवन संगीत सुनो बरखा रानी बूँदों की पायल जो झनकाएँ धरती का गीत सुनो हिलको रे, हिलको रे हिलको रे, हिलको रे मंगला रे, मंगला रे चोरी-चोरी बैया हिलको रे, हिलको रे हिलको रे, हिलको रे जंगला रे, जंगला रे घूमी रागे भैया आवारा भँवरे जो हौले-हौले गाएँ फूलों के तन पे हवाए सरसराएँ कोयल की कुहू-कुहू, पपिहे की पिहू-पिहू जंगल में झींगर भी छाये जाए नदियाँ में लहरें आएँ, बलखायें छलकी जाएँ भीगी होंठों से वो गुनगुनाएँ गाता है साहिल, गाता है बहता पानी गाता है ये दिल सुन, सा रे गा मा पा धा नि सा रे
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Credits
- Writers
- Javed Akhtar